सिंदलपुरा वार्ड मार्ग की पुलिया बनी खतरे का सबब, 25 वर्षों बाद भी नहीं लगी सुरक्षा रेलिंग
अठाना। स्थानीय नगर के सिंदलपुरा वार्ड तक पहुंचने वाले प्रमुख एवं एकमात्र आम रास्ते पर स्थित गंभीरी नदी की पुलिया इन दिनों लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। लगभग 25 वर्ष पूर्व निर्मित इस पुलिया पर आज तक दोनों ओर सुरक्षा रेलिंग नहीं लगाई गई है, जिससे प्रतिदिन आवागमन करने वाले नागरिकों को दुर्घटना का भय बना रहता है।
यह पुलिया सिंदलपुरा वार्ड के रहवासियों के साथ-साथ आसपास के किसानों के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण मार्ग है। इसी रास्ते से ग्रामीण, किसान, मजदूर, बुजुर्ग महिला-पुरुष तथा स्कूली छात्र-छात्राएं रोजाना सुबह-शाम आवागमन करते हैं। पुलिया संकरी होने के कारण रात के समय तथा बरसात के मौसम में दुर्घटना की आशंका और अधिक बढ़ जाती है।
स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता कांतिलाल शर्मा कहना है कि पुलिया के दोनों किनारों पर सुरक्षा रेलिंग नहीं होने से छोटे बच्चों, बुजुर्गों एवं दोपहिया वाहन चालकों को विशेष परेशानी का सामना करना पड़ता है। जरा सी असावधानी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। पुलिया के प्रवेश मार्ग पर भी सड़क क्षतिग्रस्त दिखाई दे रही है, जिससे वाहन चालकों को अतिरिक्त जोखिम उठाना पड़ता है।
नगरवासियों ने बताया कि कई बार जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित विभाग का ध्यान इस ओर आकर्षित कराया गया, लेकिन आज तक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि समय रहते रेलिंग का निर्माण नहीं कराया गया तो भविष्य में कोई अप्रिय घटना होने पर इसकी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
सिंदलपुरा वार्ड के नागरिकों ने जिला प्रशासन, जनप्रतिनिधियों तथा संबंधित विभाग से मांग की है कि जनहित एवं सुरक्षा को देखते हुए पुलिया के दोनों ओर मजबूत लोहे की रेलिंग लगाई जाए तथा क्षतिग्रस्त सड़क का भी शीघ्र मरम्मत कार्य कराया जाए, ताकि आमजन सुरक्षित आवागमन कर सकें।
वार्ड के सामाजिक कार्यकर्ता कांतिलाल शर्मा कहना है कि नगर में विकास कार्यों की सूची में इस महत्वपूर्ण पुलिया की सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी जानी चाहिए, क्योंकि यह मार्ग सैकड़ों लोगों की दैनिक जरूरतों से जुड़ा हुआ है। शांतिलाल चौहान द्वारा फोटो प्रेषित है

