दो साध्वीजी की दुर्घटना में मृत्यु होने पर, सकल जैन समाज ने विरोध दर्ज करवाते हुए सौंपा ज्ञापन, विनयांंजलि सभा का हुआ आयोजन
मंदसौर। म. प्र. के रीवा में एक वाहन चालक की लापरवाही से दिग्मबर जैन समाज पूज्य आर्यिका श्री श्रुतमति माताजी एवं पूज्य आर्यिका उपशममति माताजी का सड़क दुर्घटनों में असामयिक देवलोकगमन हो गया। इस हृदय विदारक घटना के विरोध एवं जैन संतो साध्वीगणों की सुरक्षा हेतु नियम बनाने की मांग को लेकर सकल जैन समाज द्वारा 22 मई शुक्रवार को माननीय मुख्यमंत्री श्री मोहन यादव जी के नाम एक ज्ञापन कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक के प्रतिनिधि को सौंपा गया।
इससे पूर्व सकल जैन समाज द्वारा आर्यिकाद्वय के देहावसान पर दिगम्बर जैन मुनि श्री निर्णय सागरजी व क्षुल्लक श्री तत्व सागरजी महाराज के सानिध्य में जीवन विलास जनकपुरा पर विनयांजली सभा प्रात: 8.30 बजे आयोजित की गई।
विनयांजली के पश्चात सकल जैन समाज महानुभाव व महिलाएं मौन रैली के रूप में विशाल जैन समुदाय के साथ घंटाघर स्थित शहर थाना पहुंचे, वहाँ कलेक्टर व एसपी के प्रतिनिधि को ज्ञापन देकर दुर्घटना में दोषी वाहन चालक व अन्य दोषियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की मांग की गई तथा संतगणों के विह पैदल विहार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था दिलवाने की मांग भी शासन से की गई। इस अवसर पर ज्ञापन का वाचन सकल जैन समाज के अध्यक्ष-श्री लोकेन्द्र जैन ने किया, संयोजक श्री सुरेन्द्र लोढा ने भी समाजजनों को संबोधित किया।
सकल जैन समाज के अध्यक्ष भी लोकेन्द्र जैन गोटावाला, संयोजक श्री सुरेन्द्र लोढ़ा, उपसंयोजक श्री अशोक कुमार मारू, श्री अरविन्द मेहता, श्री संजय मुरड़िया, महामंत्री श्री शेखर कासमा, श्री मनीष सेठी, श्री प्रताप कोठारी, कोषाध्यक्ष श्री अनिल जैन नगरी वाला, प्रवक्ता विजयेन्द्र फांफरिया ने बताया कि विनयांजली सभा का प्रारंभ सामूहिक क णमोकार मंत्र के साथ हुआ।
सकल जैन समाज के समस्त पूर्ण अध्यक्षगण ने आचार्य श्री विद्यासागरजी महाराज के चित्र के समक्ष दीप प्रज्जवलन कर मुनि श्री निर्णय सागर जी को श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद प्राप्त किया। महिला मण्डल द्वारा मुनि श्री को जिनवाणी भेंट की गई।
मुनिश्री ने विनयांजली सभा को संबोधित करते हुए कहा जैन समाजजन अपने आराध्य गुरुओं की एक आवाज पर करोडों रुपए दान कर देते हैं विशाल भव्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित करते हैं परन्तु उन्ही संतगणों के विहार आदि का चर्यायों के पालन में सहयोग नहीं कर पाते। आपने कहा धन के मार्ग में नहीं धर्म के मार्ग में ही सुख मिलेगा। साधु संतों के नियमों में दृढता होती है उनके नियमों का समर्पण भाव से पालन करवाने में असीम पुण्य संचय होता है। मुनिश्री ने कहा सरकार की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने में जैन समाज का सर्वाधिक योगदान है। परन्तु जैन समाज के संत साध्वीगणों के ऊपर लगातार हो रहे उपसर्गों की ओर सरकार का ध्यान नहीं है, अब समाज को जागरुक होकर अपने अधिकारों का उपयोग करना होगा। मुनिश्री ने कहा अपनी प्रजा की रक्षा करना राजा का कर्तव्य हो सिकंदर ने भी साधुसंतों की रक्षा की और उनका सुरक्षित विहार करवाया। श्री क्षुल्लक श्री तव्वसागरजी व ब्रह्मचारी अमन भैया ने संबोधित किय साथ ही विनयांजली सभा को सकल जैन समाज के पूर्व अध्यक्षगण सर्वश्री पं. विजय कुमार गांधी, शांतिलाल बड़जात्या, नंद किशोर अग्रवाल, डॉ राजकुमार बाकलीवाल सिंधी समाज प्रमुख दृष्टानंद नैनवानी, अध्यक्ष लोकेन्द्र जैन व संयोजक सुरेन्द्र लोढा ने संबोधित करते हुए इस दुर्घटना में दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की ब ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना हो ऐसे नियम बनाने की मांग की गई। समस्त वक्ताओं व उपस्थित जैन धर्मावलम्बियों ने दिवंगत’ आर्यिकाद्वय की विनयांजली में नौ बार सामूहिक णमोकार मंत्र के जाप किये।
इस अवसर पर सर्वग्री जयकुमार बड़जात्या, डॉ संजय गांधी, राजकुमार पाटनी राजमल गर्ग, वासुदेव खेमानी, अरविंद मेहता, सुनील तलेरा, भरत कोठारी, अशोक मारू, नरेन्द्र मेहता, डॉ एस एम जैन, राजेन्द्र अग्रवाल, महावीर पाटनी, लोकेन्द्र धाकड़, संजय कोठारी, मंगेश भाचावत, मनीष सेठी, संजय डोसी, अजय बाकलीवाल, संजय मुरडिया, विकास भण्डारी, कमलेश कटारिया, अभय जैन, विजय सुराणा, कमल विनायका, आदीश गर्ग, अनिल डूंगरवाल, अभय अजमेरा, अरविंद जैन, विनोद सिंहल, रिेंकेश पाटनी, जयेश डांगी, सुरेश जैन,अजीत जैन, मनोहर नाहटा, शिखर डूंगरवाल, अनिल जैन सांवरिया, दिनेश जैन, सुमतिलाल जैन, प्रदीप पहाडिया, प्रदीप पाटनी, सकल जैन समाज महिला प्रकोष्ठ मंत्री पूर्णिमा चौरडिया, नीमा जैन ,अलका जैन ,शिक्षा मंत्री डॉक्टर ज्योति खेमेसरा, कोषाध्यक्ष प्रीति नगरी वाला, प्रवक्ता सोनिया मारू, सह मंत्री सुनीता पामेचा, आशा जेतावत, किरण जैन ,चहेती सुराणा ,तृप्ति अग्रवाल, पूर्व महामंत्री शशि मारू, चंदा कोठारी, सारिका बाकलीवाल, अंगूर बाला पितलिया, सिंपल सेठी सहित बडी संख्या में सकल जैन समाज युवा प्रकोष्ठ, महिला प्रकोष्ठ, अन्य श्रीसंघों के गणमान्य समाजजन शामिल हुए। सभा का संचालन डॉ चंदा कोठारी ने किया, आभार महामंत्री शेखर कासमा ने व्यक्त किया।

